अयोध्या विवाद पर भड़के सीएम योगी: बोले- 'माफियाओं की कब्र पर फातिहा पढ़ने वाले हमें रामभक्ति न सिखाएं'
12:52 PM, Jun 19, 2026
R Express भारत
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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक बार फिर अपने पुराने और कड़े तेवर में नजर आए हैं। अयोध्या को लेकर चल रहे सियासी घमासान और बयानबाजी पर मुख्यमंत

अयोध्या विवाद पर भड़के सीएम योगी फोटो सौ0 RExpress भारत
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक बार फिर अपने पुराने और कड़े तेवर में नजर आए हैं। अयोध्या को लेकर चल रहे सियासी घमासान और बयानबाजी पर मुख्यमंत्री ने विपक्ष को आड़े हाथों लिया है। राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय व चिकित्सालय के लोकार्पण और वीरांगना झलकारी बाई की मूर्ति के अनावरण कार्यक्रम में पहुंचे सीएम योगी ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि अयोध्या धाम को बदनाम करने की किसी भी साजिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।सीएम योगी ने बिना नाम लिए समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जो लोग कभी रामभक्तों पर गोलियां चलवाते थे या उनका अपमान करते थे, और जो लोग प्रदेश के खूंखार माफियाओं की मौत पर उनकी कब्रों पर जाकर आंसू बहाते थे, फातिहा पढ़ते थे, वे आज सरकार को रामभक्ति का पाठ पढ़ा रहे हैं।
जब तक SIT की जांच चल रही है, मुंह बंद रखें
अयोध्या में हाल ही में हुए कुछ घटनाक्रमों और उसके बाद मचे सियासी बवाल पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पूरे मामले की जांच के लिए स्पेशल इनवेस्टिगेशन टीम का गठन किया जा चुका है। जब तक SIT अपनी अंतिम रिपोर्ट पेश नहीं कर देती, तब तक किसी को भी हवा में तीर चलाने या अपनी तरफ से कोई भी बयानबाजी करने की जरूरत नहीं है।मुख्यमंत्री ने सख्त लहजे में कहा, मेरी सभी से यही अपील होगी कि SIT की जांच रिपोर्ट आने तक कोई भी बयानबाजी कतई न करें। जब बिना वजह की बयानबाजी होती है, तो उससे पूरी जांच प्रक्रिया प्रभावित होती है। इसलिए जांच को अपने तरीके से चलने दें।
विपक्ष द्वारा सरकार पर लगाए जा रहे आरोपों और जांच पर उठाए जा रहे सवालों का जवाब देते हुए सीएम योगी ने भरोसा दिलाया कि, सरकार किसी की आवाज दबा नहीं रही है। उन्होंने कहा कि एक बार जब जांच पूरी हो जाएगी और सच सबके सामने आ जाएगा, उसके बाद अगर किसी भी पक्ष को कोई बात कहनी होगी, तो SIT उसकी बात सुनने के लिए पूरी तरह तैयार खड़ी होगी। लेकिन जांच के दौरान बीच में रोड़ा अटकाना और माहौल खराब करना ठीक नहीं है।
अनावश्यक चरित्र हनन और अयोध्या को बदनाम करने की कोशिश बंद हो
मुख्यमंत्री ने मीडिया और सोशल मीडिया पर चल रही ट्रेलिंग और किसी एक पक्ष को निशाना बनाए जाने पर भी गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि कुछ लोग जानबूझकर इस पूरे मामले को लेकर कीचड़ उछालने का काम कर रहे हैं। बिना किसी सबूत के किसी का भी चरित्र हनन करने का प्रयास बर्दाश्त से बाहर है।उन्होंने आगे कहा, "अनावश्यक रूप से किसी का कैरेक्टर असैसिनेशन (चरित्र हनन) करने का प्रयास न करें। सबसे बड़ी बात यह है कि राजनीतिक रोटियां सेकने के लिए हमारे पवित्र अयोध्या धाम को बदनाम करने का कुत्सित और गंदा प्रयास कतई न करें। अयोध्या की गरिमा से खिलवाड़ करने की इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती।"
योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर अपराधियों और कानून हाथ में लेने वालों को अपनी 'जीरो टॉलरेंस' नीति की याद दिलाई। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि इस मामले में जो कोई भी दोषी होगा, उसे ऐसी सजा मिलेगी कि मिसाल बन जाएगी।सीएम योगी ने कहा, "यह बात बिल्कुल सुनिश्चित है कि अगर कोई अपराधी है, तो वह चाहे कितना भी बड़ा रसूखदार क्यों न हो, किसी भी पद पर क्यों न बैठा हो, वह बचेगा नहीं। हमारी सरकार अपराधियों को पाताल से भी ढूंढ निकालेगी।"
माफियाओं के मददगारों पर बरसे सीएम
भाषण के आखिरी हिस्से में सीएम योगी का गुस्सा सातवें आसमान पर दिखा, जब उन्होंने सीधे तौर पर विपक्ष के चाल, चरित्र और चेहरे को बेनकाब किया। उन्होंने जनता को याद दिलाया कि आज जो लोग अयोध्या और रामभक्तों के हितैषी बन रहे हैं, उनका असली इतिहास क्या है।सीएम ने कड़क आवाज में कहा, "ये लोग आज हमें क्या बताएंगे? ये वो लोग हैं जो रामभक्तों को अपमानित करते थे। जिनके राज में रामभक्तों पर अत्याचार होते थे। और हद तो तब हो जाती है जब ये लोग प्रदेश के कुख्यात और खूंखार माफियाओं के मरने पर उनकी कब्र पर जाकर फातिहा पढ़ते हैं, उनके लिए दुआएं मांगते हैं। ऐसे लोग आज अचानक रामभक्त बन गए हैं और हमें उपदेश देने चले हैं!"
राजनीतिक गलियारों में मंचा हड़कंप
मुख्यमंत्री के इस तीखे बयान के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर उबाल आ गया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि, सीएम योगी ने इस एक बयान से साफ कर दिया है कि, वह अयोध्या के मुद्दे पर बैकफुट पर जाने वाले नहीं हैं। सरकार पूरी तरह से फ्रंटफुट पर खेलकर अपराधियों का सफाया करेगी और साथ ही अयोध्या की छवि को नुकसान पहुंचाने वाले नेताओं को करारा जवाब देगी।इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय का फीता काटकर उद्घाटन किया और वीरांगना झलकारी बाई की भव्य प्रतिमा का अनावरण कर उन्हें नमन किया।

