INDIA ब्लॉक का सुप्रीम कोर्ट मार्च: मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ी के खिलाफ विपक्ष की याचिका
3:40 PM, Oct 23, 2026
R Express भारत
Share:
नई दिल्ली देश की राजनीति में आज उस वक्त भारी गर्माहट देखने को मिली, जब INDIA ब्लॉक के तमाम दिग्गज नेताओं ने मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ी और बड़े पैमाने

sketch by - ( AI )
नई दिल्ली देश की राजनीति में आज उस वक्त भारी गर्माहट देखने को मिली, जब INDIA ब्लॉक के तमाम दिग्गज नेताओं ने मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ी और बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने के विरोध में राजधानी की सड़कों पर उतरकर शक्ति प्रदर्शन किया। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव और राष्ट्रीय जनता दल के नेता तेजस्वी यादव सहित विपक्ष के कई बड़े नेताओं ने इस विरोध प्रदर्शन की कमान संभाली।
12 खंबा रोड से सुप्रीम कोर्ट तक मार्च
विपक्षी नेताओं और भारी संख्या में जुटे कार्यकर्ताओं ने 12 खंबा रोड से अपना मार्च शुरू किया। हाथों में तख्तियां और बैनर लिए विपक्षी नेता चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सुप्रीम कोर्ट की तरफ बढ़े। विपक्ष का आरोप है कि विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया के नाम पर देश भर में और विशेष रूप से दिल्ली में लाखों वास्तविक मतदाताओं के नाम दुर्भावनापूर्ण तरीके से काट दिए गए हैं, जिसे उन्होंने 'वोट चोरी' करार दिया है। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए दिल्ली पुलिस और सुरक्षा बलों ने कड़े इंतजाम किए थे।
सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर
सुप्रीम कोर्ट पहुँचने के बाद राहुल गांधी और गठबंधन के 10 अन्य वरिष्ठ नेताओं ने शीर्ष अदालत में एक संयुक्त याचिका दायर की। इस याचिका में केंद्रीय चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त को प्रतिवादी बनाते हुए मतदाता सूचियों में हुई कथित गड़बड़ियों की स्वतंत्र जांच कराने और नियमों को ताक पर रखकर हटाए गए नामों को तुरंत बहाल करने की मांग की गई है। विपक्षी नेताओं का कहना है कि यह लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला है और वे इसके खिलाफ कानूनी व सड़क की लड़ाई एक साथ लड़ेंगे।
रणनीति के लिए राहुल गांधी के आवास पर बैठक
मार्च और याचिका दायर करने की कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद, INDIA ब्लॉक के सभी प्रमुख नेता राहुल गांधी के आवास पर एक महत्वपूर्ण बैठक के लिए एकत्र हुए। सूत्रों के मुताबिक, इस उच्च स्तरीय बैठक में आगामी चुनावों को लेकर साझा रणनीति, चुनाव आयोग के रुख पर अगली कार्रवाई और इस मुद्दे को देशव्यापी आंदोलन में बदलने की रूपरेखा पर गंभीर चर्चा हुई। बैठक में नेताओं ने एकजुटता दोहराते हुए कहा कि जनता के वोटों की रक्षा के लिए उनका यह साझा संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।

