विपक्ष का सुप्रीम कोर्ट मार्च: चुनाव आयुक्त के खिलाफ दिल्ली में बड़ा हंगामा
5:01 PM, Oct 13, 2026
R Express भारत
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देश की राजधानी इस समय एक बड़े राजनीतिक आंदोलन का केंद्र बन चुकी है। मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ियों और विशेष गहन समीक्षा प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों

sketch by - ( AI )
नई दिल्ली। देश की राजधानी इस समय एक बड़े राजनीतिक आंदोलन का केंद्र बन चुकी है। मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ियों और विशेष गहन समीक्षा प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों और 'कॉकरोच जनता पार्टी' का गुस्सा सातवें आसमान पर है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए विपक्षी नेताओं और प्रदर्शनकारियों ने सुप्रीम कोर्ट की तरफ एक विशाल मार्च निकाला, जिसके बाद दिल्ली की सड़कों पर भारी तनाव देखा जा रहा है।
इस पूरे विवाद की कमान खुद लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने संभाली है। विपक्षी सांसदों और नेताओं के इस 'चलो दिल्ली' मार्च का इकलौता मकसद मुख्य चुनाव आयुक्त का इस्तीफा और देश की चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना है। विपक्ष का आरोप है कि जानबूझकर मतदाता सूचियों से लाखों वोटर्स के नाम हटाए गए हैं, जिसे वे "वोटों की चोरी" करार दे रहे हैं। मार्च के बाद विपक्षी गठबंधन ने सुप्रीम कोर्ट में सीईसी के खिलाफ एक साझा रिट याचिका भी दायर कर दी है।
इस बड़े सियासी ड्रामे के बीच देश के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत का बड़ा रुख सामने आया है। मार्च निकालने से पहले विपक्षी नेताओं ने मुख्य न्यायाधीश से मिलने का समय मांगा था। लेकिन सीजेआई ने इस मुलाकात से साफ मना कर दिया। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि चूंकि यह पूरा मामला पहले से ही अदालत के सामने लंबित है, इसलिए वे इस तरह प्रशासनिक तौर पर किसी राजनीतिक प्रतिनिधिमंडल से नहीं मिल सकते। हालांकि, उन्होंने यह भरोसा जरूर दिया कि अदालत के दरवाजे हर नागरिक के लिए खुले हैं और पूरे मामले की कानूनी तरीके से ही सुनवाई होगी।
दूसरी तरफ, दिल्ली की सड़कों पर बढ़ते तनाव को देखते हुए प्रशासन ने कड़ी बैरिकेडिंग कर दी थी और कई मेट्रो स्टेशनों को बंद कर दिया था। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त नाराजगी जताई। अदालत ने निर्देश दिया कि वकीलों और आम जनता की सहूलियत के लिए शहर से तुरंत फालतू की बैरिकेडिंग हटाई जाए और दिल्ली में इंटरनेट सेवाओं को बिल्कुल भी बंद न किया जाए।
इस आंदोलन में कॉकरोच जनता पार्टी भी पूरी ताकत से उतरी है। सीजेपी प्रमुख अभिजीत दिपके ने इस मुद्दे पर देशव्यापी आंदोलन शुरू करने का एलान किया है। गौरतलब है कि वीकेंड पर पुलिस ने सीजेपी के कुछ बड़े चेहरों को एहतियातन हिरासत में लिया था, जिन्हें बाद में कोर्ट ने शांति व्यवस्था बनाए रखने की शर्त पर छोड़ दिया। फिलहाल, सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री ने विपक्ष की याचिका में कुछ तकनीकी कमियां निकाली हैं, लेकिन अदालत इस पूरे मतदाता सूची विवाद से जुड़ी सभी अर्जियों पर एक साथ सुनवाई करने की तैयारी कर रही है।

