होमवीडियो
sliderimg

गोसाईगंज में राम जानकी मंदिर के पुजारी की करंट लगने से दर्दनाक मौत

4:34 PM, Aug 4, 2026

मुस्कान​ सिंह
R Express भारत

Share:

लखनऊ के गोसाईगंज इलाके से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। यहां एक प्राचीन मंदिर के बुजुर्ग पुजारी की करंट की चपेट में आने से जान चली गई। हादसा उस समय हुआ जब

गोसाईगंज में राम जानकी मंदिर के पुजारी की करंट लगने से दर्दनाक मौत

मृतक कैलाशनाथ गौतम की फाइल फोटो सौ0 RExpress भारत

लखनऊ के गोसाईगंज इलाके से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। यहां एक प्राचीन मंदिर के बुजुर्ग पुजारी की करंट की चपेट में आने से जान चली गई। हादसा उस समय हुआ जब पुजारी सुबह की पूजा-पाठ की तैयारी कर रहे थे। इस अचानक हुई घटना से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

अमेठी कस्बे के मंदिर में सेवा करते थे पुजारी

मिली जानकारी के मुताबिक, गोसाईगंज के सीफ़त नगर के रहने वाले 65 वर्षीय रूपचंद यादव पिछले काफी समय से घर से करीब दो किलोमीटर दूर अमेठी कस्बे के रामबाग मोहल्ले में स्थित राम जानकी मंदिर में मुख्य पुजारी के रूप में सेवा दे रहे थे। वह अक्सर मंदिर परिसर में ही रहकर भगवान की सेवा और पूजा-पाठ का जिम्मा संभालते थे। उनके बेटे श्यामू ने बताया कि उनके पिता का पूरा जीवन भगवान की भक्ति और मंदिर की देखभाल में ही बीत रहा था।

तार लगाते ही दौड़ गया करंट

रोजाना की तरह मंगलवार की सुबह भी पुजारी रूपचंद यादव उठे और उन्होंने पूजा के लिए स्नान किया। नहाने के बाद वह मंदिर के भीतर लगे फर्राटा पंखे को चालू करने के लिए उसका तार बिजली के बोर्ड में लगाने गए। चश्मदीदों के अनुसार, जैसे ही उन्होंने तार को छुआ, अचानक तेज करंट की वजह से वह पंखे के ऊपर ही जाकर गिर पड़े। गीले शरीर के कारण करंट का झटका इतना जोरदार था कि उन्हें संभलने का मौका ही नहीं मिला।

अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम

मंदिर परिसर में मौजूद अन्य लोगों ने जब पुजारी को इस हालत में देखा, तो तुरंत शोर मचाया और मामले की जानकारी उनके परिवार को दी। खबर मिलते ही पुजारी के बेटे श्यामू आनन-फानन में मौके पर पहुंचे। श्यामू ने हिम्मत दिखाते हुए किसी तरह लकड़ी की मदद से बिजली के तार को अलग किया और पिता को पंखे से नीचे उतारा। इसके बाद परिजन उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल लेकर भागे, लेकिन बदकिस्मती से रास्ते में ही पुजारी रूपचंद यादव ने दम तोड़ दिया। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

इस हादसे के बाद से पुजारी के घर में कोहराम मचा हुआ है। रूपचंद यादव अपने पीछे पत्नी जनाका देवी और पांच बेटों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुजारी बहुत ही शांत और मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे, जिनकी कमी पूरे क्षेत्र को खलेगी।

विज्ञापन

विज्ञापन

सम्बंधित खबर

अपना शहर

और देखें

विज्ञापन

Follow Us:

Download App

Play Store

Subscribe Now

Play StoreR Express Bharat
Develop & Design by SpriteEra IT Solutions

Copyright © RexpressBharat, 2026