मड़ियांव में तीसरी मंजिल से गिरकर पुताई कारीगर की गई जान, पिता ने जताया अपनों पर ही शक
3:45 PM, Jul 21, 2026
R Express भारत
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मड़ियांव के अजीज नगर इलाके में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक निर्माणाधीन मकान की तीसरी मंजिल से गिरकर 26 साल के एक पुताई कारीगर की रहस्

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लखनऊ। मड़ियांव के अजीज नगर इलाके में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक निर्माणाधीन मकान की तीसरी मंजिल से गिरकर 26 साल के एक पुताई कारीगर की रहस्यमय हालातों में मौत हो गई। घटना के बाद से ही इलाके में सनसनी फैली हुई है। वहीं, मृतक के पिता ने हादसे की थ्योरी को मानने से साफ इनकार कर दिया है। उन्होंने साथ में रह रहे ममेरे भाई और दोस्तों की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए उनके खिलाफ सख्त एक्शन की मांग की है।
मूल रूप से सीतापुर के कमलापुर (दरियापुर गांव) के रहने वाले 26 वर्षीय शिवदत्त अपने परिवार का पेट पालने के लिए लखनऊ में रहकर पुताई का काम करते थे। इन दिनों वह मड़ियांव की इंद्रपुरी कॉलोनी में धर्मेंद्र कुमार के मकान में काम कर रहे थे। साइट पर उनके साथ उनका ममेरा भाई सुरेश और दोस्त अंकुर भी रह रहे थे।सुरेश के मुताबिक, रात को सभी ने एक साथ खाना खाया और सोने चले गए। शिवदत्त दोनों के बीच में सोया हुआ था। रात के करीब 1 बजे अचानक नीचे रह रहे किराएदार ने उन्हें जगाया। किराएदार ने बताया कि शिवदत्त नीचे सड़क पर लहूलुहान और मरणासन्न हालत में पड़ा हुआ है। आनन-फानन में उसे पास के एक प्राइवेट अस्पताल ले जाया गया, लेकिन जख्म इतने गहरे थे कि डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद शिवदत्त की सांसें थम गईं।
ममेरे भाई सुरेश का कहना है कि, जिस तीसरी मंजिल की छत पर वे लोग सो रहे थे, वहाँ कोई बाउंड्री वॉल या मुंडेर नहीं बनी थी। रात में नींद के झोंके में शिवदत्त का पैर फिसल गया और वह सीधे नीचे जा गिरा।
दूसरी तरफ, जवान बेटे की मौत की खबर सुनते ही घर में कोहराम मच गया। शिवदत्त अपने पीछे पत्नी मालती और एक मासूम बेटी को रोता-बिलखता छोड़ गया है। रोते हुए पिता हरण ने इस पूरी थ्योरी को संदिग्ध बताया है। उनका कहना है कि जो लोग रातभर साथ सोए थे, उन्हें भाई के गिरने की भनक तक नहीं लगी। पिता ने आरोप लगाया है कि इस मामले में कुछ छिपाया जा रहा है। उन्होंने मांग की है कि साथ काम कर रहे ममेरे भाई और दोस्तों को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की जाए, ताकि सच सामने आ सके।

