पूनम राउत ने इंटरनेशनल क्रिकेट से लिया संन्यास, 12 साल के सुनहरे सफर का हुआ अंत
6:15 PM, Oct 17, 2026
R Express भारत
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भारतीय महिला क्रिकेट की दीवार मानी जाने वाली अनुभवी बल्लेबाज पूनम राउत ने इंटरनेशनल क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया है।

sketch by - ( AI )
भारतीय महिला क्रिकेट की दीवार मानी जाने वाली अनुभवी बल्लेबाज पूनम राउत ने इंटरनेशनल क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया है। 36 साल की पूनम ने सोशल मीडिया (इंस्टाग्राम) पर एक बेहद भावुक पोस्ट शेयर कर अपने इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि देश के लिए नीली जर्सी पहनना उनके जीवन का सबसे बड़ा गौरव था। साल 2009 में अपने सफर की शुरुआत करने वाली पूनम ने करीब 12 साल तक भारतीय टीम के मिडिल ऑर्डर और ओपनिंग को मजबूती दी।
पूनम राउत का संन्यास भारतीय महिला क्रिकेट के एक सुनहरे दौर के अंत जैसा है। उन्होंने अपने करियर में कई ऐसे रिकॉर्ड बनाए जिन्हें तोड़ना किसी भी नए खिलाड़ी के लिए एक बड़ी चुनौती होगी।
2017 वर्ल्ड कप फाइनल की वो यादगार पारी और वर्ल्ड रिकॉर्ड
पूनम राउत को बड़े मैचों का खिलाड़ी माना जाता था। साल 2017 के महिला वनडे वर्ल्ड कप फाइनल को कोई नहीं भूल सकता, जहां लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ पूनम ने 86 रनों की बेहद जुझारू पारी खेली थी। हालांकि टीम इंडिया यह मैच बेहद करीबी अंतर से हार गई थी, लेकिन पूनम ने करोड़ों भारतीयों का दिल जीत लिया था।
इसके अलावा, साल 2017 में ही उन्होंने आयरलैंड के खिलाफ दीप्ति शर्मा के साथ मिलकर 320 रनों की ऐतिहासिक ओपनिंग पार्टनरशिप की थी। यह महिला वनडे क्रिकेट के इतिहास की सबसे बड़ी और यादगार साझेदारियों में से एक मानी जाती है।
कैसा रहा इंटरनेशनल करियर का सफर?
पूनम ने भारतीय टीम के लिए तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे और टी20) में अपना योगदान दिया,उन्होंने 73 मैचों में 34.83 की औसत से 2,299 रन बनाए, जिसमें 3 शतक और 15 अर्धशतक शामिल हैं।35 मैचों में उन्होंने 4 अर्धशतकों की मदद से 719 रन जोड़े। केवल 4 टेस्ट मैचों में उन्होंने 44 की शानदार औसत से 264 रन बनाए, जिसमें एक बेहतरीन शतक (दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 130 रन) भी शामिल है।
विदाई पोस्ट में जताया सबका आभार
पूनम राउत ने अपना आखिरी इंटरनेशनल मैच जून 2021 में इंग्लैंड के खिलाफ खेला था। लंबे समय से टीम से बाहर चल रही पूनम ने आखिरकार अपने करियर को विराम देने का फैसला किया। अपनी विदाई पोस्ट में उन्होंने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI), मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन के साथ-साथ अपनी सीनियर साथी खिलाड़ी मिताली राज और अपने परिवार को शुक्रिया कहा, जिन्होंने हर मोड़ पर उनका साथ दिया। भले ही वह अब मैदान पर देश की जर्सी में नहीं दिखेंगी, लेकिन भारतीय क्रिकेट में उनका योगदान हमेशा अमर रहेगा।

