जमीन विवाद में चाचा ने कुल्हाड़ी से ली भतीजे की जान, लखनऊ पुलिस ने हत्यारे को दबोचा
4:49 PM, Oct 25, 2026
R Express भारत
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लखनऊ के महिगवां इलाके में रिश्तों को तार-तार कर देने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां जमीन बेचने के मामूली विवाद में एक कलयुगी चाचा ने अपने ही सगे

जमीन विवाद में चाचा ने कुल्हाड़ी से ली भतीजे की जान फोटो सौ0 RExpress भारत
उत्तर प्रदेश।लखनऊ के महिगवां इलाके में रिश्तों को तार-तार कर देने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां जमीन बेचने के मामूली विवाद में एक कलयुगी चाचा ने अपने ही सगे भतीजे पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इस खौफनाक वारदात को अंजाम देने के बाद से फरार चल रहे आरोपी को पुलिस ने आखिरकार उसके घर से दबोच लिया है। पकड़ा गया आरोपी पहले भी एक मर्डर केस में जेल जा चुका है।
जमीन के टुकड़े के लिए खून का प्यासा हुआ चाचा
यह पूरी घटना शुक्लनपुरवा गांव की है। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 19 अक्टूबर को दिव्यांशु मिश्रा उर्फ शुभम अपने सगे चाचा अजय मिश्रा उर्फ गुड्डन के घर आया हुआ था। दोनों के बीच पैतृक जमीन को बेचने को लेकर बातचीत शुरू हुई, जो देखते ही देखते भयंकर बहस में बदल गई। दोनों तरफ से गाली-गलौज होने लगी और गुस्सा इस कदर बढ़ा कि चाचा अजय मिश्रा आपा खो बैठा। वह दौड़कर घर के अंदर गया और वहां रखी धारदार कुल्हाड़ी (तबली) उठा लाया। इससे पहले कि भतीजा दिव्यांशु कुछ समझ पाता, चाचा ने उसके सिर पर एक के बाद एक दो जानलेवा वार कर दिए। सिर पर गंभीर चोट लगने की वजह से दिव्यांशु ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
अस्पताल से लौटते ही पुलिस ने घेरा
वारदात के बाद आरोपी चाचा भी घायल हो गया था और उसका अस्पताल में इलाज चल रहा था। इधर मृतक की पत्नी गरिमा मिश्रा ने महिगवां थाने में अपने पति की हत्या की शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस टीम लगातार आरोपी की तलाश में जुटी थी। जैसे ही पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी चाचा अस्पताल से छुट्टी पाकर वापस अपने गांव शुक्लनपुरवा आ चुका है, पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए 25 अक्टूबर की सुबह करीब सवा दस बजे उसके घर पर छापा मारकर उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुराना हिस्ट्रीशीटर है आरोपी
पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल की गई खून से सनी कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली गई है। जांच में यह भी सामने आया है कि 53 वर्षीय आरोपी अजय मिश्रा खेती और मजदूरी करता है, लेकिन उसका मिजाज बेहद आपराधिक है। वह कोई सीधा-साधा इंसान नहीं है, बल्कि चार साल पहले यानी 2022 में भी वह पड़ोस के इटौजा इलाके में एक शख्स की हत्या के मामले में नामजद हो चुका है। फिलहाल पुलिस आरोपी को जेल भेजने की तैयारी कर रही है और उसके बाकी आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाल रही है।

