यूपी में बदला मौसम का मिजाज: तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश, चिलचिलाती गर्मी से मिली बड़ी राहत
8:56 AM, Jun 13, 2026
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उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में पिछले कई दिनों से जारी भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए शनिवार की सुबह बड़ी राहत लेकर आई। प्रदेश के कई जिलों मे

मौसम हुआ सुहाना सौo R Express भारत
उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में पिछले कई दिनों से जारी भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए शनिवार की सुबह बड़ी राहत लेकर आई। प्रदेश के कई जिलों में तड़के से ही मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया। आसमान में काले बादलों के डेरा डालने के साथ ही धूल भरी तेज हवाएं चलने लगीं, जिसके बाद शुरू हुई हल्की से मध्यम बारिश ने मौसम को खुशनुमा बना दिया। इस अचानक आए बदलाव से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे स्थानीय लोगों के चेहरे खिल उठे हैं।
इन जिलों में झमाझम बरसे बदरा
मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में इस बदलाव का सबसे ज्यादा असर देखा गया। राजधानी लखनऊ सहित कानपुर, बाराबंकी, उन्नाव, अयोध्या, सुल्तानपुर, बरेली और आसपास के इलाकों में सुबह की शुरुआत घने बादलों और तेज आंधी के साथ हुई। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई जगहों पर पेड़ की टहनियां टूट गईं। इसके तुरंत बाद शुरू हुई रिमझिम फुहारों ने वातावरण को पूरी तरह ठंडा कर दिया। सुबह के समय जो लोग काम पर निकल रहे थे, वे इस सुहावने मौसम का आनंद लेते नजर आए।
भीषण तपिश से मिली बड़ी राहत
पिछले सप्ताह से पूरा प्रदेश प्रचंड लू और उमस की चपेट में था। दोपहर के समय तापमान सामान्य से कई डिग्री ऊपर पहुंच रहा था, जिससे सड़कों पर सन्नाटा पसर जाता था। लोग इस भीषण गर्मी से बचने के लिए घरों में कैद रहने को मजबूर थे। शनिवार को हुई इस बारिश ने न केवल पारे को नीचे गिराया है, बल्कि वातावरण में घुली गर्म लपटों को भी शांत कर दिया है। हवाओं के चलने से ठिठुरन जैसी ठंडक का अहसास हो रहा है, जिसने आम जनता को बड़ी मानसिक और शारीरिक राहत दी है।
स्थानीय लोगों के खिले चेहरे
इस मानसूनी गतिविधि के सक्रिय होने से लोगों के बीच खुशी का माहौल है। सुबह की सैर पर निकले लोगों ने ठंडी हवाओं के बीच मौसम का लुत्फ उठाया। बच्चों और युवाओं को पार्कों और छतों पर बारिश का स्वागत करते देखा गया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इस बारिश की सख्त जरूरत थी क्योंकि उमस के कारण रात की नींद भी हराम हो चुकी थी। हालांकि, तेज हवाओं के कारण कुछ इलाकों में बिजली गुल होने की समस्या भी सामने आई है, जिसे ठीक करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
किसानों के लिए संजीवनी बनी यह बारिश
यह मौसमी बदलाव केवल आम लोगों को राहत देने वाला नहीं है, बल्कि कृषि क्षेत्र के लिए भी बेहद फायदेमंद माना जा रहा है। इस समय खेतों में धान की नर्सरी तैयार करने और अन्य खरीफ फसलों की बुआई का काम तेजी पर है। पानी की कमी और तेज धूप के कारण फसलें झुलस रही थीं। कृषि विशेषज्ञों के मुताबिक, इस समय होने वाली हल्की बारिश फसलों के लिए अमृत के समान है। इससे जमीन में नमी बढ़ेगी और फसलों की वृद्धि में तेजी आएगी, जिससे किसानों की सिंचाई लागत में भी कमी आएगी।
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि, वायुमंडल में बने कम दबाव के क्षेत्र और स्थानीय मौसमी प्रणालियों के सक्रिय होने के कारण आगामी 24 से 48 घंटों तक प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में ऐसा ही माहौल बना रहेगा। कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ भारी बौछारें पड़ने की भी संभावना जताई गई है। धूल भरी हवाओं का दौर रुक-रुक कर जारी रह सकता है, जिससे तापमान नियंत्रण में रहेगा। विभाग ने नागरिकों को सलाह दी है कि तेज हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या जर्जर इमारतों के नीचे आश्रय लेने से बचें।

